
फ़िरोज़ाबाद.इस दौरान भगदड़ से कई एजेंट चुटैल हो गए। बाद में बमुश्किल पुलिस ने व्यवस्था को संभाला। डेढ़ घंटा देरी से मतगणना आरंभ हो सकी। त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों को लेकर ग्राम पंचायत सदस्य, ग्राम प्रधान, क्षेत्र पंचायत सदस्य के साथ जिला पंचायत सदस्य के लिए वोट डाले गए थे।
26 अप्रैल को हुए मतदान के बाद दो मई को मतगणना प्रारंभ हुई। जसराना की मंडी समिति में होने वाली मतगणना से पूर्व प्रशासन द्वारा व्यवस्थाओं को लेकर तमाम दावे किए थे।
लेकिन रविवार की सुबह व्यवस्थाएँ बोनी हो गई। प्रशासन द्वारा पहले कार्मिकों को प्रवेश दिया गया
सुबह आठ बजे जैसे ही मतगणना एजेंटों को प्रबेश देने की बात आई तो पुलिस की व्यवस्था तार-तार हो गई। धक्का मुक्की देख पुलिस का पारा चढ़ गया। इस दौरान कोविड की गाइड लाइन्स की धज्जियां उड़ गई। एजेंटो और प्रत्याशियों ने जबरन अंदर आने की कोशिश की तो पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया।
लाठीचार्ज होते ही भगदड़ मच गई। इस दौरान प्रत्याशियों एवं एजेंटो की चप्पलें एवं परिचय पत्र छूट गई। इस दौरान कई एजेंट मामूली रुप से चुटैल हो गए। बाद में पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद लाइन लगवाई। एजेंटो को अंदर आने में एक घंटे से भी अधिक का समय लग गया। मतगणना निर्धारित समय से डेढ़ घंटे देरी से शुरू हो सकी।


