जब ऐशबाग की रामलीला में ‘जय श्री राम’ का उद्घोष गूँजता है, जब रावण के पुतले की जलती लपटें गोमती किनारे तक रोशनी बिखेरती हैं, तब लगता है जैसे त्रेता युग फिर से लौट आया हो।
आइये जानते हैं विजय दशमी क्यों मनाई जाती है?
1. राम ने रावण को क्यों मारा? – सत्य की जीत
रावण ज्ञानी था, शिवभक्त था, पर अहंकारी था। उसने सोचा वो अजेय है। भगवान राम ने हमें सिखाया – आप कितने भी बड़े क्यों न हो, अगर आपने नारी का अपमान किया, तो आपका अंत निश्चित है। दशमी के दिन इसी अहंकार का दहन होता है।
2. माँ दुर्गा ने महिषासुर को कैसे मारा? – नारी शक्ति की जीत
9 दिन तक चले युद्ध के बाद माँ दुर्गा ने महिषासुर का वध किया। ये कहानी हर बेटी को बताती है कि तुम कमजोर नहीं हो।
3. लखनऊ का दशहरा – जो सबसे खास है
अगर आपने लखनऊ का दशहरा नहीं देखा तो क्या देखा
ऐशबाग रामलीला मैदान -500 साल पुरानी रामलीला, जहाँ दूर-दूर से लोग आते हैं। यहाँ का रावण दहन देखने लखनऊ पूरा उमड़ पड़ता है।
रामलीला मैदान, दिलकुशा गार्डन और साउथ सिटी में – एक साथ 20 फुट से ऊँचे रावण के पुतले जलते हैं और पूरा आसमान ‘जय श्री राम’ से गूँज उठता है।
लखनऊ में दशहरे वाले दिन लोग एक-दूसरे को शमी के पत्ते देकर कहते हैं – “लो, सोना लो”। ये हमारी गंगा-जमुनी तहजीब की सबसे सुंदर परंपरा है।
दशहरे का असली संदेश – अपने अंदर के रावण को जलाओ
हर साल हम बाहर का रावण तो जला देते हैं, पर इस साल प्रण लो :
– क्रोध के रावण को जलाएंगे
– लालच के रावण को जलाएंगे
– झूठ और घमंड के रावण को जलाएंगे
तभी हमारे जीवन में असली विजय दशमी आएगी।
आप सभी को लखनऊ की धरती से विजय दशमी की हार्दिक शुभकामनाएं!
अमित श्रीवास्तव डेली न्यूज़ मीडिया ऐशबाग़ लखनऊ




