लखनऊ ( अमित श्रीवास्तव ,संवाददाता ):कांग्रेस उत्तर प्रदेश में एक अध्यक्ष और छह कार्यकारी अध्यक्ष लाने की तैयारी में है। राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव के बाद प्रदेश में नई कमेटी का गठन किया जाएगा। इसके लिए पार्टी में विभिन्न स्तरों पर रायशुमारी चल रही है। प्रदेश में कांग्रेस का संगठन कमोबेश शून्य की स्थिति में हैं। यही वजह है कि चुनावी राजनीति के लिहाज से पार्टी प्रदेश में अपने सबसे खराब दौर से गुजर रही है। इसे नए सिरे से खड़ा करना किसी बड़ी चुनौती से कम नहीं है। हाईकमान प्रदेश कमेटी का गठन इस तरह से करना चाहता है ताकि लोकसभा चुनाव को देखते हुए यह प्रभावी साबित हो। इसी के मद्देनजर प्रदेश में किसी एक वरिष्ठ कांग्रेसी नेता को अध्यक्ष बनाकर उसके साथ छह कार्यकारी अध्यक्ष लगाने की योजना है। पार्टी सूत्रों के मुताबिक, प्रत्येक कार्यकारी अध्यक्ष को तीन-तीन मंडलों की जिम्मेदारी दी जाएगी। जो कार्यकारी अध्यक्ष अच्छा परिणाम देगा, उसे आगे बढ़ाया जाएगा।
जनता की उम्मीदों पर खरी नहीं उतरी भाजपा सरकार
प्रदेश कांग्रेस के मीडिया संयोजक अंशू अवस्थी ने कहा कि भाजपा की योगी सरकार के 6 महीने पूरे होने पर जश्न मनाना प्रदेश के लोगों के जले पर नमक छिड़कने जैसा है। सिर्फ प्रचार से विकास नहीं होता, उसके लिए इच्छाशक्ति की जरूरत होती है, जो भाजपा और सरकार के पास नहीं है। कहा जनता ने दोबारा भरोसा जरूर जताया, लेकिन भाजपा सरकार उस भरोसे पर खरा उतरने में विफल साबित हुई है।




