हमीरपुर ( राम सिंह राजपूत ,संवाददाता ):जिला पंचायत हमीरपुर द्वारा पंचम राज्य वित्त आयोग योजनान्तर्गत वित्तीय वर्ष 2024–25 में मुस्करा विकासखंड के ग्राम गहरौली में महाविद्यालय के बगल से मुन्ना दादी की बगिया तक सीसी रोड का निर्माण कराया गया था। निर्माण कार्य पूरा होने के करीब सात माह बाद ही सड़क पर जगह-जगह बड़ी-बड़ी दरारें दिखाई देने लगी हैं। इसे लेकर ग्रामीणों ने निर्माण कार्य में अनियमितता, घटिया सामग्री के उपयोग और गुणवत्ता में कमी के आरोप लगाते हुए मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग की है। ग्रामीण भगत सिंह सहित अन्य लोगों का आरोप है कि सड़क निर्माण में मानकों का पालन नहीं किया गया, जिसके कारण अल्प समय में ही सड़क क्षतिग्रस्त होने लगी। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पर पड़ी दरारें निर्माण की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े करती हैं और सरकारी धन के उपयोग की निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए। ग्रामीणों ने जिला पंचायत अध्यक्ष जयंती राजपूत, जिला पंचायत सदस्य सुनीता राजपूत, अपर मुख्य अधिकारी उज्ज्वल अम्बेश, अवर अभियंता इंजीनियर राजा यादव, अभियंता डॉ. राकेश कुमार यादव तथा संबंधित ठेकेदार सहित अन्य जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका की जांच कराने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि निर्माण कार्य निर्धारित मानकों के अनुरूप हुआ है तो इसकी तकनीकी जांच कराकर वास्तविक स्थिति सार्वजनिक की जाए। ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि निर्माण स्थल पर लगाए गए शिलापट्ट में कई महत्वपूर्ण जानकारियां अंकित नहीं की गई हैं। उनके अनुसार शिलापट्ट पर सीसी रोड की स्वीकृत लागत, व्यय धनराशि, सड़क की कुल लंबाई एवं चौड़ाई, कार्य प्रारंभ एवं पूर्ण होने की तिथि, लोकार्पण की तिथि, कार्यदायी संस्था अथवा ठेकेदार का नाम, प्रशासनिक एवं तकनीकी स्वीकृति संख्या जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां दर्ज नहीं हैं। उनका कहना है कि इन जानकारियों के अभाव में निर्माण कार्य की पारदर्शिता पर प्रश्नचिह्न लग रहे हैं। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी एवं संबंधित उच्च अधिकारियों से मांग की है कि निर्माण कार्य की स्वतंत्र तकनीकी जांच कराई जाए, गुणवत्ता की जांच कर दोषी पाए जाने वाले अधिकारियों, कर्मचारियों एवं संबंधित एजेंसी के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाए तथा यदि निर्माण कार्य में कमी पाई जाती है तो सड़क का पुनर्निर्माण कराया जाए। इस संबंध में जिला पंचायत के अपर मुख्य अधिकारी उज्ज्वल अम्बेश से उनका पक्ष जानने के लिए मोबाइल फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन संपर्क नहीं हो सका।





