उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने कहा कि हमनें बेंगलुरु को गार्डेन सिटी से ग्लोबल टेक्नोलॉजी पावर हाउस के रूप में विकसित होते हुए देखा है। बेंगलुरु की ग्रोथ स्टोरी को हमने स्वयं महसूस किया है। आज हम यहां आपको ‘नये भारत के नये उत्तर प्रदेश’ में इस बात के लिए आमंत्रित करने आए हैं कि जो कहानी आप उत्तर प्रदेश के बारे सुन रहे हैं, उसे यहां आकर महसूस करें। इसके लिए आज बेंगलुरु में हमनें अलग-अलग सेक्टर से जुड़े इण्डस्ट्री लीडर्स के साथ संवाद किया है।
मुख्यमंत्री जी आज बेंगलुरु, कर्नाटक में आयोजित ‘उत्तर प्रदेश ग्रोथ डायलॉग-2026 इण्डस्ट्री लीडर्स रोड-शो’ कार्यक्रम में अपने विचार व्यक्त कर रहे थे। इस अवसर पर कर्नाटक चेम्बर्स ऑफ कॉमर्स एण्ड इण्डस्ट्री के पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री जी का सम्मान किया। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश की विकास यात्रा तथा निवेश की सम्भावनाओं पर आधारित लघु फिल्म का प्रसारण किया गया।
मुख्यमंत्री जी ने सभी इण्डस्ट्री लीडर्स का अभिनन्दन करते हुए कहा कि आज उत्तर प्रदेश, भारत में थ्री-एस अर्थात सेफ्टी, स्टेबिलिटी तथा स्पीड का मॉडल बना है। यह तीनों किसी भी इण्डस्ट्री की स्थापना के लिए महत्वपूर्ण आयाम हैं। यह सभी वर्तमान के उत्तर प्रदेश में देखने को मिलेगा। हमने उत्तर प्रदेश में मजबूत रूल ऑफ लॉ की स्थापना की है। आज उत्तर प्रदेश में विश्वस्तरीय इन्फ्रास्ट्रक्चर, कनेक्टिविटी, ट्रॉन्सपैरेण्ट गर्वेनेन्स तथा इन्स्टीट्यूशन्स का बेहतरीन नेटवर्क मौजूद है। नये भारत के नये उत्तर प्रदेश में हमें स्किल, टैलेण्ट, टेक्नोलॉजी तथा निवेश अनुकूल नीतियां का सम्पूर्ण ईको-सिस्टम देखने को मिलेगा।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में विगत 12 वर्षां में भारत ने विकास के नये प्रतिमान स्थापित किये हैं। दुनिया में भारत का परसेप्शन बदला है तथा देश इन्वेस्टमेण्ट के बेहतरीन डेस्टिनेशन के रूप में स्थापित हुआ है। भारत दुनिया में सबसे तेज गति से विकसित होने वाली अर्थव्यवस्था के रूप में उभरा है। भारत की इस विकास यात्रा में उत्तर प्रदेश को विगत 09 वर्षां से सहभागी होने का सौभाग्य प्राप्त हुआ है। विगत 09 वर्षां में उत्तर प्रदेश की इस ग्रोथ स्टोरी को देखकर आप सभी को कौतुहल होगा। साथ ही, उत्तर प्रदेश आकर इसे अपनी आंखों से देखने की उत्सुकता भी होगी।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि 09 वर्ष पूर्व उत्तर प्रदेश के प्रति लोगां का परसेप्शन अच्छा नहीं माना जाता था। यहां कानून व्यवस्था की स्थिति बिगड़ी हुई थी। पॉलिसी पैरालिसिस की स्थिति थी, जहां गर्वेनेन्स जैसी कोई चीज मौजूद नहीं थी। यहां विकास की कोई चर्चा नहीं करता था। यह उत्तर भारत के बीमारू राज्य के रूप में जाना जाता था। पलायन राज्य की नियति बन चुकी थी। कृषि तथा एम0एस0एम0ई0 जो प्रदेश का आधार थे, इनसे लोगों ने दूरी बना ली थी।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि आज उत्तर प्रदेश में वह सब कुछ देखने को मिलेगा, जो भारत की अपेक्षा है। अगर उन्हें एक साथ देखें तो ‘जो उत्तर प्रदेश में होगा, वह देश में किसी अन्य जगह नहीं होगा और जो अन्य जगह है, वह उत्तर प्रदेश में जरूर मिल जाएगा।’ प्रदेश में बेहतरीन लॉ एण्ड ऑर्डर, विश्वस्तरीय इन्फ्रास्ट्रक्चर तथा बेहतरीन सड़क, रेलवे तथा एयर की कनेक्टिविटी मौजूद है। भारत का पहला राष्ट्रीय जलमार्ग उत्तर प्रदेश के वाराणसी से हल्दिया के मध्य प्रारम्भ हो चुका है। दिल्ली-मेरठ के बीच भारत की पहली रैपिड रेल प्रारम्भ हो चुकी है।
उत्तर प्रदेश आज देश में सबसे ज्यादा एक्सप्रेस-वे वाले राज्य के रूप में जाना जाता है। देश के कुल एक्सप्रेस-वे नेटवर्क का 60 प्रतिशत उत्तर प्रदेश में है। राज्य में 16 हजार किलोमीटर का रेलवे नेटवर्क तथा 04 लाख किलोमीटर सड़क नेटवर्क मौजूद है। प्रदेश के 07 शहर मेट्रो ट्रेन के माध्यम से पब्लिक ट्रान्सपोर्ट की बेहतरीन सुविधा उपलब्ध करा रहे हैं। ईस्टर्न व वेस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर उत्तर प्रदेश से होकर जाते हैं, इनका जंक्शन प्रदेश के दादरी में है।
विगत 09 वर्षां में डबल इंजन सरकार ने उत्तर प्रदेश में स्टेबिलिटी एण्ड सेफ्टी का जो माहौल दिया है, उसका परिणाम है कि यह राज्य आज बीमारू राज्य की श्रेणी से उबर चुका है। विगत 06 वर्षां से देश में रेवेन्यू सरप्लस स्टेट बना हुआ है। भारत की बॉटम थ्री इकोनॉमी से उभरकर आज उत्तर प्रदेश टॉप थ्री इकोनॉमी के रूप में जाना जा रहा है। विगत 09 वर्षां में हम उत्तर प्रदेश की इकोनॉमी तथा प्रति व्यक्ति आय को तीन गुना बढ़ाने में सफल हुए हैं।
उत्तर प्रदेश तेजी से सभी सेक्टर्स में इन्वेस्टमेण्ट के लिए अपने इन्वेस्टर पार्टनर्स को आमंत्रित करने के लिए मजबूती के साथ आगे बढ़ा है। प्रदेश में 36 सेक्टोरल पॉलिसीज़ के साथ-साथ 75,000 एकड़ का व्यापक लैण्ड बैंक उपलब्ध है। प्रदेश में एक्सप्रेस-वे से जुड़े 27 स्थानों पर इण्डस्ट्रियल एण्ड लॉजिस्टिक क्लस्टर्स विकसित करने के लिए लैण्ड बैंक मौजूद है। बीडा के रूप में सबसे बड़ी इण्डस्ट्रियल सिटी की स्थापना की जा रही है।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि उत्तर प्रदेश अपने डेमोग्राफिक डिविडेण्ड के लिए जाना जा रहा है। प्रदेश अपनी लगभग 26 करोड़ आबादी के लिए जाना जा रहा है। प्रधानमंत्री जी के कर-कमलों से प्रदेश के सबसे लम्बे गंगा एक्सप्रेस-वे को गत माह राष्ट्र को समर्पित किया गया है। विगत 28 मार्च को देश के सबसे बड़े नोएडा एयरपोर्ट का लोकार्पण भी प्रधानमंत्री जी के कर-कमलों से हुआ है। यहां 15 जून से कॉमर्शियल उड़ान प्रारम्भ हो गयी है। वर्तमान में प्रदेश में 05 अन्तरराष्ट्रीय तथा 12 डोमेस्टिक एयरपोर्ट पूरी तरह क्रियाशील हैं। यह प्रदेश की कनेक्टिविटी को बेहतर बनाते हैं। 05 नये एयरपोर्ट पर कार्य किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि उत्तर प्रदेश प्रति वर्ष 02 लाख साइंस, टेक्नोलॉजी, इंजीनियरिंग एण्ड मैथमैटिक्स (स्टेम) ग्रेजुएट तैयार करता है। प्रदेश में 02 आई0आई0टी0, लखनऊ में आई0आई0एम0, राज्य सरकार द्वारा संचालित 03 टेक्निकल यूनिवर्सिटी, मेडिकल कॉलेज तथा वोकेशनल एजूकेशन का बेहतरीन नेटवर्क मौजूद है। इन सभी में आज की इमर्जिंग टेक्नोलॉजी से जुड़े पाठ्यक्रम संचालित हो रहे हैं। यह इण्डस्ट्री की आवश्यकता के अनुरूप स्किल्ड मैनपावर उपलब्ध कराने के पावर हाउस के रूप में उत्तर प्रदेश को स्थापित करते हैं।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि प्रदेश की कृषि विकास दर 08 प्रतिशत से बढ़कर वर्तमान में 18 प्रतिशत हुई है। कृषि के क्षेत्र में यहां व्यापक सम्भावनाएं हैं। प्रदेश में 05 कृषि विश्वविद्यालय हैं। 89 कृषि विज्ञान केन्द्रों के माध्यम से हम प्रदेश के किसानों को ट्रेनिंग देने तथा बाजार से जोड़ने की व्यवस्था तैयार करते हैं। हर जनपद में किसानों के लिए बेहतरीन मण्डी की सुविधा उपलब्ध है। उत्तर प्रदेश की 86 प्रतिशत कृषि भूमि सिंचित है। इसके माध्यम से उत्तर प्रदेश का किसान कृषि के क्षेत्र में नई सम्भावनाओं को आगे बढ़ाने का कार्य कर रहा है।
उत्तर प्रदेश में विगत 09 वर्षां में एम0एस0एम0ई0 का बेहतर नेटवर्क विकसित किया गया है। वर्तमान में उत्तर प्रदेश में 96 लाख एम0एस0एम0ई0 यूनिट मौजूद हैं। अलग-अलग सेक्टर्स में एम0एस0एम0ई0 का मजबूत नेटवर्क इण्डस्ट्रियल ग्रोथ के लिए अत्यन्त महत्वपूर्ण है। हमनें उत्तर प्रदेश के एम0एस0एम0ई0 क्षेत्र को ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट’ योजना के माध्यम से आगे बढ़ाने का कार्य किया है। प्रदेश में एग्रीकल्चर के साथ-साथ एम0एस0एम0ई0 और मैन्युफेक्चरिंग के क्षेत्र में इन्वेस्टमेण्ट की सम्भावनाएं हैं।
हमें विभिन्न क्षेत्रों में निवेश के प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, जिनसे प्रदेश में बेहतरीन औद्योगीकरण की कार्यवाही आगे बढ़ी है। विगत 09 वर्षां में उत्तर प्रदेश में 18 हजार से अधिक औद्योगिक संस्थान स्थापित हुए हैं। 09 वर्ष पूर्व प्रदेश में बड़े कारखानों की संख्या 14 हजार थी, जो बढ़कर 33 हजार से अधिक हुए हैं। तेजी से इनमें वृद्धि हो रही है।
मुख्यमंत्री जी ने सभी इन्वेस्टर्स को प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में निवेश के लिए आमंत्रित करते हुए कहा कि वह इन्वेस्टर पार्टनर के रूप में उत्तर प्रदेश आकर हर क्षेत्र में यहां की सम्भावनाओं को देखें तथा उत्तर प्रदेश के माध्यम से प्रधानमंत्री जी के विकसित भारत की संकल्पना को साकार करने में अपना योगदान दें। उत्तर प्रदेश की डबल इंजन सरकार अपने हर इन्वेस्टर पार्टनर को सुरक्षा तथा सिंगल विण्डो सुविधा उपलब्ध करायेगी।
वित्त मंत्री श्री सुरेश कुमार खन्ना ने कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कहा कि विगत 09 वर्षां में उत्तर प्रदेश में आमूल-चूल परिवर्तन हुए हैं। प्रदेश की सुदृढ़ कानून-व्यवस्था देश और दुनिया में है। उत्तर प्रदेश आज इन्वेस्टमेण्ट के लिए सबसे सेफ तथा सिक्योर राज्य है। मुख्यमंत्री जी के नेतृत्व में टीम उत्तर प्रदेश इन्वेस्टर्स को प्रदेश में निवेश के लिए आमंत्रित करने आयी है।
एम्बेसी ग्रुप के सी0ई0ओ0 श्री अमित शेट्टी ने कहा कि उत्तर प्रदेश भारत के महत्वपूर्ण ग्रोथ स्टोरी वाले राज्यों में से है। यह स्केल, एम्बीशन, टैलेण्ट, एण्टरप्राइज तथा नये भारत की विकास आकांक्षाओं का प्रतिनिधित्व करता है। भारत की विकास यात्रा केवल मेट्रो शहरों तक सीमित नहीं है, बल्कि नये कॉरिडोर्स, नये शहर तथा नये सेण्टर ऑफ एण्टरप्राइज की ओर यह यात्रा बढ़ रही है। इस दृष्टि से आज का यह कार्यक्रम उत्तर प्रदेश जैसे राज्य के लिए अत्यन्त महत्वपूर्ण है। उत्तर प्रदेश में स्केल, टैलेण्ट, कल्चर, कन्जम्पशन तथा कनेक्टिविटी सब कुछ है, जो कॉरपोरेट्स के विस्तार के लिए अत्यन्त महत्वपूर्ण है।
कॉग्निजेण्ट ग्रुप के वाइस प्रेसीडेण्ट श्री गौरव हजारा ने कहा कि उत्तर प्रदेश ने इन्फ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में निवेश तथा सिंगल विण्डो रिफॉर्म के लिए निवेश मित्र जैसे प्लेटफॉर्म लॉन्ग टर्म इन्वेस्टमेण्ट के लिए सकारात्मक वातावरण का निर्माण किया है। ए0आई0 सिटी लखनऊ तथा ए0आई0 प्रज्ञा जैसी पहलें ए0आई0 के क्षेत्र में उत्तर प्रदेश को मजबूत केन्द्र के रूप में स्थापित करने की महत्वाकांक्षा को दर्शाते हैं।
आई0बी0एम0 इण्डिया एण्ड साउथ एशिया की सी0एफ0ओ0 सुश्री तेजस्विनी राजवाड़े ने कहा कि आर्थिक संवृद्धि का भविष्य स्केल, टैलेण्ट, इन्फ्रास्ट्रक्चर तथा गवर्नेन्स पर निर्भर करता है। इससे स्पीड तथा स्थिरता सुनिश्चित होती है। वर्तमान उत्तर प्रदेश में यह सभी चीजें मौजूद हैं। मुख्यमंत्री जी के विजनरी नेतृत्व में विगत कुछ वर्षां में हमने उत्तर प्रदेश में महत्वपूर्ण बदलाव होते हुए देखे हैं।



