Breaking कासगंज

ल कल्याण समिति न्यायपीठ के नाम पर शौषण तीन दिन पूर्व नाबालिग के नाम पर रेस्क्यू की गई बालिका को सदस्य पर पिटाई का आरोप आठ दिसम्बर को आनी थी बालिका की बारात बीजेपी महिला मौर्चा की जिलाध्यक्ष ने समिति पर उठाई कार्रवाई की मांगल कल्याण समिति न्यायपीठ के नाम पर शौषण तीन दिन पूर्व नाबालिग के नाम पर रेस्क्यू की गई बालिका को सदस्य पर पिटाई का आरोप आठ दिसम्बर को आनी थी बालिका की बारात बीजेपी महिला मौर्चा की जिलाध्यक्ष ने समिति पर उठाई कार्रवाई की मांगल कल्याण समिति न्यायपीठ के नाम पर शौषण तीन दिन पूर्व नाबालिग के नाम पर रेस्क्यू की गई बालिका को सदस्य पर पिटाई का आरोप आठ दिसम्बर को आनी थी बालिका की बारात बीजेपी महिला मौर्चा की जिलाध्यक्ष ने समिति पर उठाई कार्रवाई की मांगल कल्याण समिति न्यायपीठ के नाम पर शौषण तीन दिन पूर्व नाबालिग के नाम पर रेस्क्यू की गई बालिका को सदस्य पर पिटाई का आरोप आठ दिसम्बर को आनी थी बालिका की बारात बीजेपी महिला मौर्चा की जिलाध्यक्ष ने समिति पर उठाई कार्रवाई की मांग

कासगंज जनपद में बाल कल्याण के लिए बनाया गया बाल कल्याण समिति न्यायपीठ में इन दिनो बालक, बालिकाओ का शोषण हो रहा है। ऐसा ही मामला बाल विवाह रोकने के नाम पर रेस्कयू की गई किशोरी के साथ समिति के डा. मोहम्मद मियां ने मारपीट कर डाली।इस मामले में बीजेपी महिला जिलाध्यक्ष ने समिति के सदस्यों पर कार्रवाई किये जाने और तीन दिन कस्टडी में रखी जा रही किशोरी को मुक्त कराने की मांग की।

बाल कल्याण समिति न्यायपीठ में किशोरी की पिटाई किये जाने की खबर सुनते ही भाजपा महिला मौर्चा की जिलाध्यक्ष मिथलेश वर्मा सदर कोतवाल के साथ कार्यालय में पहुंच गई। जहां उन्होंने किशोरी के साथ हुई मारपीट का विरोध किया। उन्होंने बताया कि आठ दिसम्बर को पहाडपुर गांव में एक नाबालिग किशोरी का उसके पिता विवाह कर रहे था। ग्रामीण की शिकायत पर समिति की टीम ने किशोरी को रेस्कयू कर अपने कार्यालय में ले आई।जहाँ किशोरी का आरोप है कि उसके साथ समिति के सदस्य डा. मोहम्मद मियां ने दबाव बनाने के लाए मारपीट कर दी और उसे खाना पीना भी नहीं दिया।

उधर बीजेपी महिला मौर्चा की जिलाध्यक्ष मिथलेश राना ने बताया कि बच्ची को आठ दिसम्बर की शाम चार बजे लेकर आये। तीन दिनो से समिति के लोग मारपीट कर रहे शोषण कर रहे हैं, पता करने पर ज्ञात हुआ कि यह बाल कल्याण समिति भी फर्जी है।बच्ची कोई अपने आप शादी नहीं कर रही थी, उसके परिवार वाले कर रहे थे, बच्ची को मारना पीटना न्यायोचित है।उन्होंने समिति के खिलाफ जांच पडताल कर कार्रवाई किये जाने की बात कहीं।